एसबीआई बैंक: यहां ब्लैक मनी को सफेद करने में मददगार हैं रातें
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– अापबीति

– जब गार्ड ने मुझ से कहा कितने रुपए डालने है बताओ—मैं रोजाना करोड़ों मशीन में जमा करता हूं

एम4पीन्यूज, चंडीगढ़। 
आप और हम तो यूंही बैंक की लंबी लाइनों में लगकर अपना और बैंक कर्मियों का समय वेस्ट कर रहे हैं। अगर अाप के पास एसबीआई का डेबिट कार्ड है और ढेरों ब्लैक मनी है तो बस रात का इंतजार कीजिए अापके काले धन को कैसे सफेद किया जा सकता है इसकी जानकारी तो आपको एसबीआई बैंक एटीएम मशीन के बाहर बैठा गार्ड ही दे देगा। हां, अगर अाप ग्रीन रैमिट कार्ड धारक है और अापके बुजुर्ग पिता आपसे कोसो दूर रहते हैं तो अाप उन्हें रुपए नहीं भेज नहीं सकते।
ये आपको हम अापबीति बता रहे हैं। हमारे सामने एक व्यकि्त दस लाख रुपए लेकर आया, हाथ में उसके कम से कम 20 एसबीआई के कार्ड थे। एक एक कार्ड में 49000 रुपए जमा किए गए और हरेक ट्रांजेक्शन के पीछे 1500 रुपए की घूंस गार्ड के हाथ में थमा दी गई। कमाल की बात ये थी कि इन जनाब का ये रोज का धंधा है जो इस मंदे में भी खूब रंग दिखा रहा है। और धड़ल्ले से लोग अपने काले धन को सफेद करने में रात का इंतजार कर रहे हैं।

हमारी ट्रांसजेक्शन कर रहे ज्यूलर से बात भी हुई। उसने कहा कि सरकारी बैंकों के कार्ड धारक होने का यही फायदा है। अापको बता दे उसके पास अधिकतम उसके यहां काम कर रहे कर्मियों के थे। सबसे डील हो रखी है कि छह माह के बाद अागे पीछे कर वो ये रुपया उन्हें वापिस चेक के रूप से लौटा देंगे।

इसके साथ ही हमें गार्ड ने ये अॉफर भी किया कि अगर हम किसी से काला धन लेकर सफेद करवाना चाहते हैं तो उसके पास कई लोगों के कार्ड हैं जिससे अासानी से वो रकम को सफेद कर सकता है। बस हरेक ट्रांसजेक्शन के पीछे उसकी जेब नए नोटों से हरी करनी होगी। समझ गए खेल क्या और कौन चला रहे हैं तो इस बात को अपने तक न रखें आगे बढ़ा दें ताकि अाप और हमारे जैसे लोग जो रोज अपने रुपयों के लिए धक्के खा रहे हैं उन्हें कुछ तो राहत मिले। अगर अापको लगता है कि हम कुछ गलतफहमी फैला रहे हैं तो बैंक से कहिए कि रोजाना रात डिपोजिटिंग मशीन से कितने 49000 रुपए के ट्रांसजेक्शन हो रहे हैं इसका ब्यौरा निकाल लें सच्चाई सामने आ जाएगी।

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